देहरादून
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को सचिवालय में उत्तराखण्ड अन्य पिछड़ा वर्ग आयोग के कार्यों की समीक्षा की।
बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि राज्य के दोनों मंडलों में उत्तराखण्ड अन्य पिछड़ा वर्ग कल्याण बहुउद्देशीय भवन/सामुदायिक भवन का निर्माण किया जाए। उन्होंने कहा इन भवनों के निर्माण कार्य को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाए।
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि प्रस्तावित भवनों में बैंकट हॉल, गेस्ट हाउस, सभागार, प्रशिक्षण कक्ष, बैठक कक्ष एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं विकसित की जाएं, ताकि विभिन्न सामाजिक, शैक्षिक एवं प्रशासनिक गतिविधियों का संचालन किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को बहुउद्देशीय भवन की डीपीआर शीघ्र तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ओबीसी बाहुल्य क्षेत्रों में राज्य सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए तथा पात्र लाभार्थियों को योजनाओं जोड़ने के लिए विशेष अभियान चलाए जाएं।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ओबीसी बाहुल्य क्षेत्रों में योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए विभागों के बीच समन्वय स्थापित किया जाए तथा नियमित समीक्षा के माध्यम से प्रगति की निगरानी सुनिश्चित की जाए। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि लाभार्थियों से प्राप्त फीडबैक के आधार पर योजनाओं में आवश्यक सुधार किए जाएं, जिससे योजनाओं का लाभ अधिक प्रभावी रूप से आमजन तक पहुंच सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार समाज के सभी वर्गों के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है तथा ओबीसी वर्ग के उत्थान हेतु शिक्षा, कौशल विकास, स्वरोजगार एवं सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं को प्राथमिकता दी जा रही है।
इस अवसर पर उत्तराखंड अन्य पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष संजय नेगी, प्रमुख सचिव आरके सुधांशु, सचिव श्रीधर बाबू अदांकी, अपर सचिव नवनीत पांडे, अपर सचिव संदीप तिवारी एवं अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

More Stories
इस यात्रा वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के चार धाम आने की उम्मीद, पंजीकरण संख्या 6 लाख से पहुंची पर, श्री बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति यात्रा तैयारियों में जुटी: हेमंत द्विवेदी
घर मे चल रहे जिस्मफरोशी के धंधे का दून पुलिस ने किया भंडाफोड़, घर में अनैतिक देह व्यापार करवा रही महिला अभियुक्ता सहित 3 अभियुक्तों को पुलिस ने किया गिरफ्तार, 3 पीडिताओं को किया रेस्क्यू
प्रदेश में एलपीजी गैस की किसी भी प्रकार की कमी नहीं है– मुख्य सचिव